बुलंदशहर में मुस्लिम फेरीवाले की पीट-पीटकर हत्या Muslim Feriwale ka Shav Le Jate Parijan
मुस्लिम फेरीवाले युसूफ को पीट-पीटकर मार डाला, राजेंद्र और भारत की दरिंदगी से बुझ गया छह बच्चों का सहारा
बुलंदशहर (उत्तर प्रदेश) जिले के छतारी थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली वारदात ने पूरे इलाके को सदमे में डाल दिया है। भीमपुर दोराहा गांव के रहने वाले 40 वर्षीय मुस्लिम फेरीवाले युसूफ की कुछ लोगों ने इतनी बेरहमी से पिटाई कर दी कि इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। गरीब परिवार का इकलौता कमाने वाला युसूफ अपने छह बच्चों और पत्नी का जीवन कई सालों से गांव-गांव फेरी लगाकर चला रहा था। लेकिन 7 दिसंबर की शाम को हुई मारपीट ने उसके पूरे परिवार का सहारा छीन लिया।
15 वर्षों से फेरी लगाकर परिवार चला रहा था युसूफ
स्थानीय लोगों के मुताबिक, युसूफ पिछले डेढ़ दशक से गांवों में घूम-घूमकर घरेलू सामान बेचता था। मेहनतकश और शांत स्वभाव के युसूफ का कभी किसी से विवाद नहीं हुआ। लेकिन घटना वाले दिन वह किसी काम के सिलसिले में घर से थोड़ा दूर गया था, जहां उसकी मुलाकात राजेंद्र वर्मा और भारत नामक युवकों से हुई।
बताया जा रहा है कि मामूली सी बात पर दोनों आरोपी उससे उलझ पड़े और देखते ही देखते विवाद मारपीट में बदल गया। आरोप है कि युसूफ को पहले लात-घूंसों से पीटा गया, फिर लकड़ी के डंडों से इतने वार किए गए कि उसके शरीर पर गहरे नीले निशान तक पड़ गए। उसके चिल्लाने के बावजूद किसी ने उसे नहीं छोड़ा।
अस्पताल ले जाया गया, लेकिन बचाई नहीं जा सकी जान
घायल हालत में उसे सीएचसी भेजा गया, जहां हालत बिगड़ती देख डॉक्टरों ने उसे अलीगढ़ मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। परिवार और पुलिस ने उसे तुरंत वहां ले जाकर भर्ती कराया, लेकिन लगातार बिगड़ती हालत के बीच 8 दिसंबर की रात उसने दम तोड़ दिया। उसकी मौत की खबर सुनते ही घर में कोहराम मच गया।
पत्नी शकीला और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल
युसूफ की मौत के बाद उसकी पत्नी शकीला और छह बच्चे गहरे सदमे में हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति पहले से ही कमजोर थी और अब घर का एकमात्र सहारा हमेशा के लिए चला गया। बच्चे बार-बार पूछ रहे हैं कि उनके पिता को क्यों मारा गया और वे अब किसके सहारे जिएंगे?
शकीला ने अपने पति की हत्या को लेकर पुलिस में तहरीर दी है और इंसाफ की मांग की है। उनका कहना है कि उन्होंने कभी किसी का बुरा नहीं किया, फिर उनके पति के साथ इतनी क्रूरता क्यों की गई?

पुलिस ने आरोपियों को किया गिरफ्तार
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची थी और घायल युसूफ को अस्पताल पहुंचाने में भी मदद की थी। मामले की गंभीरता देखते हुए छतारी पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की है। दोनों आरोपियों राजेंद्र वर्मा और भारत को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
एसपी बुलंदशहर ने दिया बयान
एसपी बुलंदशहर डॉ. तेज वीर सिंह ने बताया कि 7 दिसंबर की शाम उन्हें सूचना मिली थी कि 3–4 लोग एक व्यक्ति की पिटाई कर रहे हैं। पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और घायल को अस्पताल भेजा।
उन्होंने बताया कि दो आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है। आगे की जांच जारी है और परिवार को हर संभव मदद व न्याय दिलाने का आश्वासन दिया गया है।
गांव में तनाव, प्रशासन अलर्ट
घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस अधिकारी लगातार गांव का दौरा कर रहे हैं और पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी दोषी को छोड़ा नहीं जाएगा।
